UP Birth Death Registration New Rules 2026 : जन्म मृत्यु पंजीकरण की प्रक्रिया अब बदल गई है इसके बारे में पूरी जानकारी आर्टिकल के जरिए आप तक देने जा रहे हैं। दरअसल नए नियम के अनुसार अब रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को और भी पारदर्शी डिजिटल, व्यवस्थित बनाया गया है। नई जानकारी के अनुसार अब उत्तर प्रदेश में जन्म मृत्यु पंजीकरण नियमावली 2026 लागू कर दी गई है जिससे कई नियम बदल गए आपके लिए जानना जरूरी है।
उत्तर प्रदेश की यह नियमावली शहर और गांव के क्षेत्र में लागू हो गई है। आप जन्म प्रमाण पत्र और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए कहीं भटकना नहीं पड़ेगा 21 दिन की प्रक्रिया में आसानी से बन जाएगा।
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21 दिन के अंदर रजिस्ट्रेशन होगा अनिवार्य
जन्म प्रमाण पत्र और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए सूचना 21 दिन के भीतर रजिस्टार ऑफिस में देना जरूरी कर दिया गया है। दरअसल 21 दिनों के अंदर अगर आपने रजिस्ट्रेशन नहीं कराया तो प्रमाण पत्र पूरी तरीके से निशुल्क नहीं मिलेगा बल्कि इसके लिए पैसा लगेगा।
कहां-कहां नियम हो गया लागू
बर्थ और डेथ सर्टिफिकेट के लिए ये नियम पूरे उत्तर प्रदेश में लागू हैं:
- शहरी क्षेत्र: नगर निगम, नगर पालिका, नगर पंचायत
- ग्रामीण क्षेत्र: ग्राम पंचायत
सरकार द्वारा नियुक्त रजिस्ट्रार ही दस्तावेजों की जांच करेगा और जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करेगा।
सर्टिफिकेट के लिए कैसे आवेदन करें?
अगर आपको सर्टिफिकेट के लिए आवेदन करना है तो इसके लिए किन प्रक्रियाओं का पालन आपको करना होगा और 21 दिन को भीतर आपको रजिस्ट्रेशन करना होता है। जब आप हो सूचना की 21 दिन भीतर रजिस्ट्रेशन कर देते हैं तो प्रमाण पत्र निशुल्क रजिस्टार ऑफिस से दिया जाता है।
| स्थान | कहाँ आवेदन करें | कैसे |
|---|---|---|
| शहर में | नगर निगम / नगर पालिका | कार्यालय में जाकर या ऑनलाइन |
| गांव में | ग्राम पंचायत | पंचायत सचिव/रजिस्ट्रार के माध्यम से |
| घर में जन्म | संबंधित क्षेत्र के रजिस्ट्रार | ऑनलाइन या ऑफलाइन |
edistrict.up.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन (स्टेप-बाय-स्टेप) तरीका
जन्म प्रमाण पत्र और मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए ऑनलाइन सुविधा भी सरकार दे रही है। आप आसानी से ऑनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं। e-District पोर्टल (edistrict.up.gov.in) या CRS पोर्टल के माध्यम से भी आवेदन किया जा सकता है। डिजिटल प्रमाण पत्र भी उपलब्ध कराया जाएगा।
edistrict.up.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन स्टेप-बाय-स्टेप पूरा तरीका यहां बताया जा रहा है।
- सबसे पहले आपको ब्राउज़र में edistrict.up.gov.in खोलें।
- होमपेज पर Citizen Login (e-Sathi) पर क्लिक करना है। यहां esathi.up.gov.in पर रीडायरेक्ट होगा।
- अगर आप नए यूजर है तो आपको मैं यूजर वाले में रजिस्ट्रेशन करना होगा इसलिए इस नए यूजर वाले को चुने।
- लॉगिन ID (अधिकतम 8 अक्षर), नाम, जन्मतिथि, पता, पिनकोड, जिला, मोबाइल नंबर व कैप्चा भरें। OTP से वेरिफाई करें।
- लॉगिन ID व पासवर्ड से लॉगिन करें।
- डैशबोर्ड पर आवेदन भरें / Apply for Service चुनें और जरूरी सेवा (आय/जाति/निवास प्रमाणपत्र आदि) चुनें।
- फॉर्म में व्यक्तिगत, परिवार व पते की सही जानकारी भरिए।
- दस्तावेज अपलोड करें: फोटो (≤50 KB), अन्य दस्तावेज (≤100 KB, JPG/PDF)।
- फॉर्म सबमिट 15 रुपए की फीस ऑनलाइन यूपीआई कार्ड या नेट बैंकिंग के माध्यम से आपको जमा करना है।
अब इसके बाद आवेदन संख्या नोट कर ले स्टेटस पर आवेदन स्थिति में जाकर चेक करें। कुछ दिन में आपका प्रमाण पत्र आ जाएगा और आप डाउनलोड कर लीजिए। एक जरूरी बात अगर आपको फोटो और दस्तावेज अपलोड करते समय उसकी साइज कम करना है तो आपको वेबसाइट esathi.up.gov.in पर जाकर इस्तेमाल कर सकते हैं।
आवेदन संख्या नोट कर लें। स्टेटस “आवेदन की स्थिति” से चेक करें। मंजूरी के बाद प्रमाणपत्र डाउनलोड करें।
विलंब शुल्क का नया स्लैब (2026 के अनुसार)
अगर कई दिन के अंदर रजिस्ट्रेशन नहीं करते हैं तो सरकार द्वारा विलम शुल्क लिया जाएगा जिसका डिटेल निम्नलिखित दिया गया है
| समय सीमा | विलंब शुल्क | अतिरिक्त प्रक्रिया |
|---|---|---|
| 0 से 21 दिन | निःशुल्क | कोई अतिरिक्त प्रक्रिया नहीं |
| 21 से 30 दिन | ₹20 | रजिस्ट्रार की अनुमति |
| 30 दिन से 1 वर्ष | ₹50 | जिला रजिस्ट्रार / अपर जिला रजिस्ट्रार की अनुमति |
| 1 वर्ष से अधिक | ₹100 | SDM / DM या अधिकृत मजिस्ट्रेट का आदेश + शपथ पत्र |
फॉर्म भरते समय इन बातों का रखें ध्यान नहीं तो हो जाएगा रिजेक्ट आपका बर्थ सर्टिफिकेट
- जन्म प्रमाण पत्र में संक्षिप्त नाम (Short Name) स्वीकार नहीं किए जाएंगे। पूरा नाम लिखना अनिवार्य है।
- बिना नाम के पंजीकरण होने पर माता-पिता को 12 महीने के अंदर नाम दर्ज कराना होगा।
- जन्म और मृत्यु रजिस्टर स्थायी अभिलेख माने गए हैं। इन्हें नष्ट नहीं किया जा सकता।
- अतिरिक्त प्रति या खोज शुल्क भी निर्धारित किया गया है (प्रमाण पत्र की कॉपी के लिए लगभग ₹50)।
नए नियम से जनता को होगा यह फायदा
- समय पर आवेदन करने पर मुफ्त और तेज प्रक्रिया।
- डिजिटल प्रमाण पत्र की सुविधा से घर बैठे डाउनलोड संभव।
- प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया गया है।
जन्म के तुरंत बाद 21 दिन के अंदर कराएं पंजीकरण
बच्चे के जन्म के तुरंत बाद (खासकर अस्पताल में जन्म होने पर) 21 दिनों के अंदर पंजीकरण जरूर करा लें। देरी होने पर न सिर्फ शुल्क बढ़ेगा, बल्कि अतिरिक्त दस्तावेज और अनुमति की प्रक्रिया भी झेलनी पड़ेगी। अपने नगर क्षेत्र में बर्थ सर्टिफिकेट के लिए नए नियमों की पूरी जानकारी के लिए अपने क्षेत्र के नगर निगम, नगर पालिका या ग्राम पंचायत कार्यालय से संपर्क करें।
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न : बच्चा अगर अस्पताल में जन्म लेता है तो प्रमाण पत्र कैसे बनवाएं?
उत्तर: अगर बच्चा अस्पताल में जन्म लेता तो प्रमाण पत्र बनवाना और आसान हो जाता है यहां से आप अस्पताल का सर्टिफिकेट लीजिए और फिर इसे 21 दिन के अंदर ही अंदर ऑनलाइन आवेदन के साथ अपलोड कर दीजिए आपके बच्चे का प्रमाण पत्र निशुल्क एक हफ्ते के दिन अंदर ऑनलाइन मिल जाएगा।
प्रश्न: बर्थ सर्टिफिकेट के लिए रजिस्ट्रेशन करने पर कितने दिनों में प्रमाण पत्र मिल जाता है?
उत्तर: जन्म प्रमाण पत्र के लिए ऑनलाइन वेबसाइट पर आवेदन करने की लगभग एक हफ्ते से 10 दिन के अंदर ऑनलाइन सर्टिफिकेट आप डाउनलोड कर सकते हैंह
प्रश्न :अगर 1 साल देरी से बर्थ सर्टिफिकेट के लिए सूचना दे यानी आवेदन ऑनलाइन भरे तो कितना विलंब शुल्क देना होगा?
उत्तर: अगर आप 1 साल देरी से बर्थ सर्टिफिकेट के लिए ऑनलाइन आवेदन करते हैं तो इसके लिए आपको देरी शुल्क रुपये 100 तक देना है।